मॉस्को (नेहा): रूस ने कहा है कि वह यूक्रेन युद्ध खत्म करने को लेकर अमेरिका के मौजूदा प्रस्ताव को मंजूर नहीं कर सकता है, क्योंकि इसमें मास्को की चिंताओं का समाधान नहीं है। इससे जाहिर होता है कि युद्ध समाप्त कराने के प्रयास में अमेरिका और रूस के बीच वार्ता अटक गई है। रूस के उप विदेश मंत्री सर्गेई रयाब्कोव ने कहा कि राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन की चिंताओं को दूर करने में अब तक मॉस्को और वाशिंगटन असमर्थ रहे। मौजूदा स्वरूप में जो प्रस्ताव है, उस पर अभी तक मॉस्को आगे नहीं बढ़ पाया है। अमेरिका-रूस संबंधों के विशेषज्ञ सर्गेई ने रूसी पत्रिका इंटरनेशनल अफेयर्स को दिए एक इंटरव्यू में यह बात कही। इसे मंगलवार को जारी किया गया। उन्होंने कहा, ‘हम अमेरिका की ओर से प्रस्तावित मॉडलों और समाधानों को काफी गंभीरता से लेते हैं, लेकिन इसे मौजूदा स्वरूप में स्वीकार नहीं कर सकते।’
पुतिन कह चुके हैं कि यूक्रेन नाटो में शामिल होने की अपनी महत्वाकांक्षा को छोड़ दे, यूक्रेनी सेना का आकार सीमित किया जाए और रूस को उन चार यूक्रेनी क्षेत्रों पर नियंत्रण मिले, जिन पर उसने दावा किया है। जबकि यूक्रेन का कहना है कि ये मांगें उसके लिए आत्मसमर्पण के समान हैं। हाल ही में अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि वह यूक्रेन में शांति स्थापित करने के लिए कार्य कर रहे हैं, लेकिन पुतिन की भूमिका से खिन्न हैं। अगर रूस, यूक्रेन में युद्धविराम लागू करने के लिए आगे नहीं बढ़ता है तो वह उसके खिलाफ टैरिफ का एलान करेंगे। यूक्रेन के विदेश मंत्री एंड्री सिबिहा ने मंगलवार को कहा कि उनका देश एक ऐसे खनिज समझौते के लिए अमेरिका के साथ काम करेगा, जो पारस्परिक रूप से स्वीकार्य हो। उन्होंने कीव में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि खनिज समझौते को लेकर एक नए मसौदा पर एक दौर का विचार-विमर्श हो चुका है। यह प्रक्रिया जारी रहेगी और हम अपने अमेरिकी साथियों के साथ मिलकर काम करेंगे।